नई दिल्ली 2026-10-24
भारत यूरोप को हथियार निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बन गया है। यूरोप में रक्षा उपकरणों की बढ़ती मांग और भारत में उत्पादन बढ़ने से निर्यात में बढ़ोतरी हुई है। रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने कल यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भारत का रक्षा निर्यात रिकॉर्ड 38 हज़ार 424 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है।
श्री सिंह ने बताया कि पिछले दस वर्षों में भारत का रक्षा उत्पादन बढ़ा है। इस क्षेत्र में 16 सरकारी कंपनियाँ, करीब 840 बड़ी और मध्यम निजी कंपनियाँ और लगभग 17 हज़ार छोटी कंपनियाँ और स्टार्टअप काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत अब 80 से अधिक देशों को रक्षा उपकरण बेच रहा है। इनमें तोपें, गोला-बारूद, छोटे हथियार, हेलमेट और बुलेटप्रूफ जैकेट शामिल हैं।
सरकार का लक्ष्य है कि रक्षा क्षेत्र में हर साल होने वाले कुल पूंजीगत खर्च का 75 प्रतिशत हिस्सा भारत में ही खर्च किया जाए। इसके तहत देश में बने रक्षा उपकरणों को प्राथमिकता दी जाएगी। रक्षा सचिव ने कहा कि कई विदेशी देश भारतीय हथियारों और रक्षा उपकरणों में रुचि दिखा रहे हैं। उन्होंने बताया कि भारत यूरोपीय देशों के साथ मिलकर रक्षा उपकरण बनाने और यूरोपीय कंपनियों को ‘मेक इन इंडिया’ के तहत भारत में उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करने की योजना पर काम कर रहा है। इससे दोनों के बीच रक्षा सहयोग बढ़ेगा।