13 जनवरी 2000 से प्रकाशित
प्रातः कालीन समाचार पत्र, कोरबा

स्मार्ट मीटर जागरूकता पखवाड़ा : अब तक 50 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने दिया डिजिटल फीडबैक

रायपुर 2026-02-17

स्मार्ट मीटर जागरूकता पखवाड़ा के अंतर्गत प्रदेशभर में उपभोक्ताओं की उत्साहजनक भागीदारी देखने को मिल रही है। सप्ताहभर में ही 50 हजार से अधिक बिजली उपभोक्ताओं ने मोर बिजली ऐप के माध्यम से अपना फीडबैक दर्ज कराया है। यह आंकड़ा दर्शाता है कि उपभोक्ता स्मार्ट मीटर की सुविधाओं को समझ रहे हैं और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर रहे हैं।

इस अभियान में बस्तर से लेकर सरगुजा तक प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के बिजली उपभोक्ताओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई है। ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में जनजागरूकता कार्यक्रमों, नुक्कड़ नाटकों, सोशल मीडिया संवाद और डिजिटल माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। उपभोक्ताओं की बढ़ती सहभागिता स्मार्ट मीटरिंग प्रणाली के प्रति विश्वास और तकनीक आधारित पारदर्शी विद्युत सेवाओं की स्वीकार्यता को दर्शाती है। छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज के अतिरिक्त महाप्रबंधक श्री उमेश कुमार मिश्रा ने बताया कि मोर बिजली एप के माध्यम से फीडबैक दर्ज कर रहे हैं। रायपुर शहर से सर्वाधिक फीडबैक प्राप्त हुए हैं। भिलाई सिटी वेस्ट संभाग से सबसे अधिक दो हजार फीडबैक मिले हैं। जोन में बिलासपुर के बसंत विहार तथा सकरी वितरण केंद्र से सबसे अधिक फीडबैक दर्ज किए गए हैं। यह पखवाड़ा 23 फरवरी तक चलेगा।

श्री मिश्रा ने बताया कि स्मार्ट मीटर से विद्युत आपूर्ति की निगरानी एवं प्रबंधन में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ी है। स्मार्ट मीटर के माध्यम से उपभोक्ताओं को रियल टाइम विद्युत उपभोग की जानकारी, सटीक एवं पारदर्शी बिलिंग, ओवरलोड की त्वरित पहचान तथा ऊर्जा संरक्षण की बेहतर सुविधा उपलब्ध हो रही है।

स्मार्ट मीटर पखवाड़ा के तहत उपभोक्ताओं के फीडबैक भी लिये जा रहे हैं, जिसमें काफी सकारात्मक प्रतिक्रियाएं आईं हैं। डीडीनगर रायपुर की उपभोक्ता श्रीमती सुधा उपाध्याय ने फीडबैक फार्म में बताया कि स्मार्ट मीटर लगाने के बाद हमारे मोबाइल में मोर बिजली एप के जरिए हर आधे घंटे के अंतराल में हो रही खपत को देख सकते हैं। इससे मुझे अपने घर में यह पता लगा कि किस समय खपत अधिक हो रही है और उसके आधार पर अनावश्यक चल रहे बिजली उपकरणों को बंद करके बिजली बिल घटाया जा सकता है।

श्यामनगर के सोनू चंद्राकर का कहना है कि स्मार्ट मीटर पूरी तरह निःशुल्क लगाया गया है, इसके लिए किसी तरह का शुल्क नहीं देना होता। बंजारी नगर के श्री गुरुचरण साहू ने बताया कि इसे लगाने से समय पर रीडिंग का पता लग जाता है। समय पर बिजली बिल मिल जाता है। इसे लगाने में फायदा है।

जशपुर के बाघऱकोना गांव के रोमानुस एक्का ने अपने फीडबैक में बताया कि इससे प्रतिदिन की बिजली खपत की जानकारी मिल जा रही है, जिससे बिजली की बचत करने का मौका मेरे हाथ में आ गया है। जशपुर के विकास गुप्ता बताते हैं कि उन्हें स्मार्ट मीटर अच्छा लगा। इसे लगाने में कोई परेशानी नहीं है। रीडिंग के लिए मीटर रीडर के समय पर नहीं आने की समस्या नहीं रहेगी।